BREAKING: बालिका वधू की ‘दादी सा’ सुरेखा सीकरी का निधन, ब्रेन स्ट्रोक के बाद लंबे समय से थीं बीमार
नेशनल अवॉर्ड विनर एक्ट्रेस सुरेखा सीकरी का मुंबई में निधन हो गया है. एक्ट्रेस काफी समय से बीमार चल रही थीं. 2020 में सुरेखा, ब्रेन स्ट्रोक का शिकार हो गई थीं. रिपोर्ट्स के मुताबिक, एक्ट्रेस का निधन आज सुबह कार्डियक अरेस्ट की वजह से हुआ है. वह दूसरे ब्रेन स्ट्रोक की वजह से हुए कॉम्पलीकेशन्स से जूझ रही थीं.


19 अप्रैल 1945 को दिल्ली में जन्मीं सुरेखा सीकरी ने बड़े पर्दे से लेकर छोटे पर्दे तक अपने हुनर का परचम लहराया है। फिल्मों और टीवी के अलावा सुरेखा एक थिएटर आर्टिस्ट भी रही हैं। उन्होंने 1978 में एक पॉलिटकल ड्रामा फिल्म ‘किस्सा कुर्सा का’ से अपने करियर की शुरूआत की थी। वो हिंदी के अलावा मलायालम फिल्म का हिस्सा भी रही हैं। तो चलिए आपको बताते हैं तीन राष्ट्रीय पुरस्कार और फिल्मफेयर अवॉर्ड जीत चुकी सुरेखा सीकरी के बारे में कुछ दिलचस्प बातें।
सुरेखा सीकरी ने बड़े पर्दे पर तो कई शानदार फिल्मों में काम किया ही टीवी जगत ने भी उनकी पहचान में चार चांद लगाए। शो ‘बालिका वधू’ में सुरेखा ने एक कड़क दादी सास का किरदार निभाया था जो अपने हाथों में घर की लगाम रखती है। हालांकि समय के साथ उनके व्यवहार में परिवर्तन आता है और बहुओं को डांट-डपट कर रखने वाली दादी सा अपनी बहुओं के लिए मां से भी बढ़कर हो जाती हैं। इस किरदार में सुरेखा सीकरी को काफी पसंद किया गया था।
‘बालिका वधू’ के अलावा शो ‘एक था राजा एक थी रानी’ में उन्होंने बड़ी रानी मां का किरदार निभाया था। वहीं ‘परदेस में है मेरा दिल’ में उन्होंने इंदूमती लाला मेहरा का किरदार निभाया था। टीवी के लगभग सभी सीरियलों में सुरेखा सीकरी दादी या बड़ी मां के किरदार में ही नजर आईं। हालांकि हर बार उनके अभिनय का एक अनोखा ही रुप देखने को मिला।
फिल्मों में भी उनके अभिनय को काफी पसंद किया गया। उनकी कुछ बेहतरीन फिल्मों में 1986 में आई ‘तमस’, 1991 में ‘नजर’, 1996 में ‘सरदारी बेगम’, 1999 में ‘सरफरोश’, साल 2004 में आई फिल्म ‘तुमसा नहीं देखा’ शामिल हैं। साल 2018 में रिलीज हुई कॉमेडी फिल्म ‘बधाई हो’ में उन्होंने आयुष्मान की दादी दुर्गा देवी कौशिक का किरदार निभाया था। इस रोल के लिए उन्होंने सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार जीता था।
अपने करियर में इतनी हिट फिल्में और सीरियल दे चुकीं सुरेखा सिकरी एक वक्त पर आर्थिक तंगी से गुजर रही थीं। इसी बीच उन्हें अचानक ब्रेन स्ट्रोक हो गया था। पैसों की कमी के कारण उनके इलाज में भी दिक्कत आने लगी थी। उन्हे ऐसा स्ट्रोक फिल्म बधाई हो की रिलीज के दौरान भी पड़ा था। इससे उन्हें आंशिक रुप से लकवा भी मार गया था। इसके बाद से उनकी देखभाल के लिए एक नर्स हमेशा उनके साथ रहती है। उन्होंने बीमारी के दौरान मिली मदद के लिए लोगों का आभार जताया था।

