आम तोड़ने पर खौफनाक सजा: बच्चों के नंगे बदन पर फेंके मधुमक्खी के छत्ते, फिर की पिटाई
बिहार: दो किशोरों को आम तोड़ने उस वक्त भारी पड़ गया जब बगीचे वालों ने उन्हें देख लिया। फिर जो उन्हें सजा दी गई उसे जानकर आप भी हैरान हो जाएंगे। दरअसल बिहार के मधुबनी में आम की चोरी करने पर एक व्यक्ति ने दो बच्चों की बेरहमी से पिटाई कर दी. इतने पर भी जब जी नहीं भरा तो बेरहम ने दोनों बच्चों को रस्सी से बांधकर पीटा और उनके शरीर पर मधुमक्खी का छत्ता भी फेंक दिया. घटना का वीडियो भी बनाया गया जो अब सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है. वायरल वीडियो में मासूमों को गिड़गिड़ाते हुए देखा जा रहा है. बावजूद इसके उनके ऊपर मधुमक्खी के छत्ते फेंके जा रहे हैं.


बच्चों के शरीर पर कपड़े भी नहीं हैं, मधुमक्खियां उनके शरीर से चिपकी हुई दिखाई दे रहीं हैं. वहीं रोते-बिलखते बच्चों को देखकर पीटने वाले के चेहरे पर मुस्कान है. वीडियो में कुछ महिलाएं भी दिख रहीं हैं जो रोते हुए बच्चों को देख ठहाके लगाती रहीं.
नाबालिग बच्चे ‘दादी गै बचा ले गै दादी, बाबू हौ बचा ब है, हौ जान छोड़ि द हौ, अब हम आम नै तोड़ब हौ…’ की गुहार लगाते रहे लेकिन ना तो पास खड़ी दादी ही बचाने आई और ना ही पीटने वाले का दिल ही पिघला.
जानकारी के अनुसार, मामला लौकाहां थाना क्षेत्र के वासुदेवपुर गांव का है. यहां पीड़ित दोनों बच्चों की गलती मात्र इतनी थी कि उन्होंने बगीचे से खाने के लिए दो कच्चे आम तोड़ लिए थे. वहीं, जैसे ही इस बात की जानकारी बगीचे के मालिक को मिली तो उसने सबसे पहले एक ही रस्सी से दोनों बच्चों के हाथ बांधे, फिर उनके कपड़े उतरवाए. इसके बाद पहले तो मालिक ने बच्चों को बुरी तरह से पीटा और फिर दोनों के शरीर पर चींटी और मधुमक्खी का छत्ता छोड़ दिया. बच्चे रहम की भीख मांगते रहे, गिड़गिड़ाते रहे लेकिन इस कृत को अंजाम दे रहा शख्स मानो जैसे हैवान बन बैठा हो. घटनास्थल पर मौजूद महिलाएं भी बच्चों को देख ठहाके लगाती रहीं.
बताया जा रहा है कि पीटने वाला बगीचे का मालिक कोइ और नहीं, बल्कि गांव की पंचायत का सरपंच उपेंद्र यादव है. इस तरह से बच्चों को प्रताड़ित करना मानवीय संवेदना ही नहीं बल्कि कानून की नजर में भी अपराध है. सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो देखने के बाद लोगों की मांग है कि इस घटना को अंजाम देने वाले लोगों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए.
इधर, मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी ने आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का निर्देश दिया है. लौकाहां थानाध्यक्ष संतोष मंडल का कहना है कि वासुदेवपुर के चौकीदार और मुखिया को वीडियो भेज दिया गया है. इसके अलावा वायरल वीडियो को देख बाल कल्याण समिति ने भी मामले में संज्ञान लिया है और कार्रवाई के लिए संबंधित थाने को निर्देश दिया है.

