रायपुर में निर्वाचन आयोग की प्रेस कॉन्फ्रेंस: 1 अगस्त से नए रूप में मिलेगा वोटर आईडी कार्ड
रायपुरः छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में निर्वाचन आयोग की प्रेस कॉन्फ्रेंस में छत्तीसगढ़ के मुख्य निर्वाचन अधिकारी पी दयानंद ने बताया कि निर्वाचन विधि एवं नियमों में संशोधन किये गये है, जिसकी अधिसूचना भारत के राजपत्र में दिनांक 17 जून, 2022 एवं 18 जून, 2022 को प्रकाशित की गई है। इसके साथ ही आयोग ने मतदाता फोटो पहचान पत्र (एपिक कार्ड) को नये सुरक्षा मानकों के साथ जारी करने का निर्देश दिया है। 01 अगस्त से इसका वितरण स्पीड पोस्ट के माध्यम से मतदाताओं के पते पर प्रेषित किया जाना है।


वर्तमान में एपिक कार्ड प्रिंटिंग सीएससी के माध्यम से कराया जा रहा था। अब भारत निर्वाचन आयोग ने नए सिक्योरिटी फीचर्स के साथ एपिक कार्ड बनाने का निर्देश दिया है। एपिक प्रिंटिंग के लिए एम-टेक इनोवेशन्स लिमिटेड, पुणे, महाराष्ट्र और होलोग्राम के लिए मणिपाल टेक्नोलॉजी लिमिटेड, कर्नाटक को चुना गया है। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार एपिक कार्ड केवल डाक विभाग के माध्यम से मतदाता को उपलब्ध करवाना है, जिसके लिए डाक विभाग के साथ भी एमओयू किया गया है। एपिक कार्ड के साथ वेलकम लैटर वोटर गाइड, वोटर प्लेज एवं एनवलप भी दिया जाएगा।
नए सिक्योरिटी फीचर्स
• मतदाता फोटो परिचय पत्र
• क्यूआर कोड
• माइक्रो टेक्स्ट
• गुइल्लोचे पैटर्न
• होलोग्राम
• घोस्ट इमेज
डुप्लिकेट वोटर्स की होगी पहचान
इसके साथ ही मतदाता सूची में प्रविष्टियों को प्रमाणित करने और त्रुटिरहित बनाने के लिए पंजीकृत शत-प्रतिशत मतदाताओं से संपर्क कर, आधार संख्या आयोग के संभावित लक्ष्य दिनांक 01 अप्रैल 2023 के पूर्व एकत्रित किया जाना है। इसके लिए फार्म 6-ख अधिसूचित किया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य मतदाताओं की पहचान स्थापित करना और एक से अधिक निर्वाचन क्षेत्र में एक ही व्यक्ति के नाम के पंजीकरण अथवा एक से अधिक बार उसी निर्वाचन क्षेत्र में पंजीकरण की पहचान करना है ताकि भविष्य में मतदाताओं को बेहतर चुनावी सेवायें उपलब्ध कराईं जा सकें।
भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुसार आधार एकत्रीकरण का काम 1 अगस्त से ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यम से प्रारम्भ किया जाएगा। मतदाताओं द्वारा आधार संख्या दिया जाना स्वैच्छिक है, आधार संख्या उपलब्ध नहीं कराने पर निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी द्वारा किसी भी परिस्थिति में मतदाता सूची में दर्ज प्रविष्टि को नही हटाया जाएगा । फॉर्म 6 ख में मतदाताओं के आधार प्राप्त करने के लिए प्रदेश के सभी मतदान केन्द्रों पर माह सितम्बर से प्रत्येक माह एक दिन विशेष शिविर आयोजित किए जाएंगे।
निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों के द्वारा प्रत्येक सप्ताह प्राप्त दावा / आपत्तियों की सूची से राजनैतिक दलों को अवगत कराया जाएगा। साथ ही यह सूची कार्यालय के सूचना पटल एवं मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के वेबसाईट पर भी प्रदर्शित की जाएगी । सभी मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों को प्रारंभिक प्रकाशन एवं अंतिम प्रकाशन की मतदाता सूची निःशुल्क उपलब्ध कराई जायेगी। आयोग ने सभी राजनैतिक दलों से अपील की है कि वे इस विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण में सभी मतदान केन्द्रों के लिये बूथ लेबल एजेंट नियुक्त कर मतदाता सूची की विसंगतियों को दूर करने में सहयोग करें।

