Operation Cyber Shield : ऑपरेशन साइबर शील्ड: MP–महाराष्ट्र से पकड़े गए 6 साइबर अपराधी, शेयर ट्रेडिंग और ऑनलाइन पार्ट टाइम जॉब के नाम पर की करोड़ों की ठगी
Operation Cyber Shield: रायपुर: छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में साइबर ठगी के मामलों पर बड़ी कार्रवाई करते हुए रायपुर रेंज साइबर थाना पुलिस ने ऑपरेशन साइबर शील्ड (Operation Cyber Shield ) के तहत शेयर ट्रेडिंग और ऑनलाइन पार्ट टाइम जॉब के नाम पर ठगी करने वाले 6 अंतर्राज्यीय साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया है।


ये आरोपी मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र से गिरफ्तार किए गए हैं। पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ देश के अलग-अलग 115 थाना और साइबर सेल में शिकायतें दर्ज हैं।
यह कार्रवाई पुलिस महानिरीक्षक रायपुर रेंज अमरेश मिश्रा के निर्देश पर चलाए जा रहे ऑपरेशन साइबर शील्ड के तहत की गई। पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण, बैंक खातों, मोबाइल नंबर और व्हाट्सएप से प्राप्त डाटा के आधार पर आरोपियों की पहचान की और उन्हें गिरफ्तार किया
केश 1– प्रार्थी विरल कुमार पटेल ने उनके साथ शेयर ट्रेडिंग में मुनाफा के नाम से 40 लाख ठगी होने पर थाना खमारडीह में सूचना दिया था। रिपोर्ट पर अपराध क्रमांक 92/25 धारा 318(4), 3(5) भा.न्या.सं. पंजीकृत कर विवेचना क्रम में पुलिस महानिरीक्षक रायपुर रेंज श्री अमरेश मिश्रा द्वारा प्राप्त निर्देशानुसार ऑपरेशन साइबर शील्ड अंतर्गत कार्यवाही करते हुए तकनीक विश्लेषण कर मुख्य आरोपी की पहचान की गई।
आरोपी विपुल पाटने निवासी बांद्रा मुंबई घटना कारीत करने के बाद अपना स्थान बदल कर नागपुर महाराष्ट्र में निवास कर रहा था। आरोपी यूनिक इंटरप्राइजेज नामक फर्जी कंपनी के माध्यम से बैंक अकाउंट खोलकर धोखाधड़ी के रकम प्राप्त करता था। रेड कार्यवाही में आरोपी से प्रकरण से संबंधित महत्वपूर्ण दस्तावेज प्राप्त हुए हैं। आरोपी को पूर्व में बांद्रा मुंबई पुलिस द्वारा गिरफ्तार किया गया था। आरोपी द्वारा प्रयुक्त बैंक खाता में देश के विभिन्न 69 थाना/साइबर सेल में रिपोर्ट दर्ज है।
केश 2– प्रार्थी अंचित कुमार सिन्हा ने उनके साथ शेयर ट्रेडिंग में मुनाफा के नाम से 30 लाख ठगी होने पर थाना पंडरी में सूचना दिया था। रिपोर्ट पर अपराध क्रमांक 273/25 धारा 318(4), 3(5) भा.न्या.सं. पंजीकृत कर विवेचना क्रम में तकनीक विश्लेषण कर मुख्य आरोपी की पहचान की गई।
आरोपी शोएब अख्तर निवासी छिंदवाड़ा मध्यप्रदेश अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर एस एस फ्रूट नामक फर्जी कंपनी के माध्यम से बैंक अकाउंट खोलकर धोखाधड़ी के रकम प्राप्त करता था। रेड कार्यवाही में आरोपी से प्रकरण से संबंधित महत्वपूर्ण दस्तावेज प्राप्त हुए हैं। आरोपी द्वारा प्रयुक्त बैंक खाता में देश के विभिन्न 16 थाना/साइबर सेल में रिपोर्ट दर्ज है। *
केश 3– प्रार्थी राहुल कुमार ने उनके साथ शेयर ट्रेडिंग में मुनाफा के नाम से 46 लाख ठगी होने पर थाना आमानाका में सूचना दिया था। रिपोर्ट पर अपराध क्रमांक 153/25 धारा 318(4), 3(5), भा.न्या.सं., 66(D) आई टी एक्ट, पंजीकृत कर विवेचना क्रम में बैंक खाता, मोबाइल नंबर एवं वॉट्सएप से प्राप्त तथ्यों का विश्लेषण कर मुख्य आरोपियों की पहचान की गई।
आरोपी पूनम चंद वर्मा निवासी इंदौर मध्यप्रदेश अपने अन्य साथी कल्लू मंसूरी निवासी के साथ मिलकर एस एस फ्रूट नामक फर्जी कंपनी के माध्यम से बैंक अकाउंट खोलकर धोखाधड़ी के रकम प्राप्त करता था। आरोपियों से पूछताछ में अन्य आरोपियों के संबंध में जानकारी प्राप्त हुई है। आरोपियों द्वारा प्रयुक्त बैंक खाता में देश के विभिन्न 26 थाना/साइबर सेल में रिपोर्ट दर्ज है।
केश 4– प्रार्थी केयूरी मजीथीया ने उनके साथ ऑनलाइन पार्ट टाइम जॉब के बहाने 15 लाख की ठगी होने पर थाना तेलीबांधा में सूचना दिया था। रिपोर्ट पर अपराध क्रमांक 549/25 धारा 318(4) बी.एन.एस. पंजीकृत कर विवेचना क्रम में बैंक से प्राप्त जानकारी एवं वीडियो फुटेज का तकनीक विश्लेषण कर आरोपी की पहचान की गई।
आरोपी सुहैल अहमद निवासी पन्ना मध्यप्रदेश अन्य आरोपी साथियों के साथ मिलकर धोखाधड़ी में संलिप्त हो गया था। आरोपी के विरुद्ध केरल राज्य में रिपोर्ट दर्ज है।
केश 5– प्रार्थी खेमचंद पटेल ने उनके साथ शेयर ट्रेडिंग में अत्यधिक लाभ के बहाने 12 लाख की ठगी होने पर थाना उरला में सूचना दिया था। रिपोर्ट पर अपराध क्रमांक 388/25 धारा 318(4) भा.न्या.सं., 66(D) आई.टी. एक्ट पंजीकृत कर विवेचना क्रम में मोबाइल सर्विस प्रदाता कंपनी एवं वॉट्सएप से प्राप्त जानकारी का तकनीक विश्लेषण कर आरोपी की पहचान की गई।
आरोपी जयंत अहिरवार अन्य आरोपी साथियों के साथ मिलकर धोखाधड़ी में संलिप्त हो गया था। आरोपी के विरुद्ध पंजाब में रिपोर्ट दर्ज है। सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेजा गया है

