June 3, 2026

स्वर कोकिला लता मंगेशकर ने छत्तीसगढ़ी में गाया था ये गाना

lata nageskar

रायपुर: स्वर कोकिला भारत रत्न लता मंगेशकर ने छत्तीसगढ़ी फिल्म `भखला` के लिए एक गीत गाई थी। वे गीत है छत्तीसगढ़ में शादी के बाद बेटी की विदाई को लेकर है। गीते के बोल हैं `छूट जाही अंगना अटारी… छूटही बाबू के पिठइया` था। वहीं इस गीत को मदन शर्मा ने लिखा था और संगीतकार कल्याण थे। दोनों छत्तीसगढ़ के रहने वाले है।


गौरतलब है कि लता मंगेशकर 41 साल पहले खैरागढ़ (राजनांदगांव) आई थी। जहां इंदिरा गांधी कला संगीत विश्वविद्यालय ने लता मंगेशकर को डी लिट की उपाधि से नवाजा था। लता मंगेशकर छत्तीसगढ़ की धरती पर 2 फरवरी 1980 आई थीं। इस बीच उनके चाहने वाले लता की एक झलक पाने के लिए रायपुर से खैरागढ़ पहुंच गए थे।

2007 में दी छत्तीसगढ़ी गीत में आवाज
छत्तीसगढ़ के जाने-माने गायक सुनील सोनी बताते है कि `भखला` फिल्म में मैं मुख्य गायक था। उस समय में फिल्म के गीत छूट जाही अंगना अटारी… छूटही बाबू के पिठइया के गीत को गाने के लिए लता जी बमुश्किल से गाने के लिए मानी थीं। फिल्म के गीतकार मदन शर्मा, कल्याण शर्मा, मनु नायक को लता मंगेशकर को मनाने के लिए मुंबई का चार बार चक्कर लगाना पड़ा। तब लता जी की बहन उषा मंगेशकर के कहने पर गीत गाने के लिए वे राजी हुई थी। सुनील सोनी ने बताया कि साल नवंबर को 2007 में उनके स्टूडियो में एक दिन बिताया। यहां से गाने की पूरी डमी तैयार की गई। स्वरलता स्टूडियो मुंबई से लता जी ने आवाज दी और यह इतिहास में दर्ज हो गया

स्वर कोकिला ने मिठाई खाने के लिए लौटा दिए थे 50 हजार रुपये
सुनील बताते है कि गीतकार मदन को लता मंगेशकर ने फीस की तय रकम दो लाख में से 50 हजार रुपये मिठाई खाने के लिए लौटाते हुए कहा था कि ये मेरा पहला छत्तीसगढ़ी गीत है तो सबको मेरी तरफ से मिठाई खिलाना।


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