October 6, 2026

Chandra Grahan 2021: कल होगा सबसे लंबा चंद्र ग्रहण, जानिए किस राशि और नक्षत्र में लग रहा है ग्रहण

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Chandra Grahan 2021: साल का आखिरी चंद्र ग्रहण 19 नवंबर, शुक्रवार के दिन लगने जा रहा है। ये आंशिक चंद्र ग्रहण होगा जो भारत के उत्तर-पूर्वी राज्यों में दिखाई देगा। जानकारों की मानें तो ऐसा 580 साल बाद होगा जब इतना लंबा आंशिक चंद्र ग्रहण देखा जाएगा। इससे पहले इतना लंबा चंद्रग्रहण 18 फरवरी 1440 में पड़ा था। जानिए कहां-कहां, कैसे और कब इस ग्रहण को देख पायेंगे।


कहां दिखाई देगा ये चंद्र ग्रहण? ये ग्रहण भारत के पूर्वोत्तर इलाकों में दिखाई देगा। अरुणाचल प्रदेश और असम के कुछ हिस्सों में इसे देखा जा सकेगा। इसके अलावा ये उत्तर और दक्षिण अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया, पूर्वी एशिया और प्रशांत क्षेत्र में देखा जा सकेगा।

चंद्र ग्रहण की डेट और समय: चंद्र ग्रहण 19 नवंबर शुक्रवार के दिन लगने जा रहा है। इसकी शुरुआत भारतीय समय के अनुसार सुबह 11 बजकर 34 मिनट से होगी और इसकी समाप्ति शाम 5 बजकर 33 मिनट पर। खण्डग्रास ग्रहण की कुल अवधि 03 घण्टे 26 मिनट की होगी। उपच्छाया चंद्र ग्रहण की कुल अवधि 05 घण्टे 59 मिनट की होगी।

भारत में लगेगा उपच्छाया चंद्र ग्रहण: भारत में आंशिक नहीं उपच्छाया चंद्र ग्रहण दिखाई देगा। इसे नग्न आंखों से नहीं देखा जा सकता। इसे देखने के लिए विशेष तरह के उपकरणों की जरूरत पड़ती है। ये साल का आखिरी चंद्र ग्रहण होगा। इसके बाद चंद्र ग्रहण का नजारा 8 दिसंबर 2022 में देखने को मिलेगा।

किस राशि और नक्षत्र में लग रहा है ग्रहण? पंचांग अनुसार चंद्र ग्रहण कार्तिक शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा के दिन वृषभ राशि और कृतिका नक्षत्र में लग रहा है। जो तुला, कुंभ और मीन राशि वालों के लिए शुभ रहेगा। इन तीनों राशियों के जातकों को करियर में तरक्की मिलेगी। वहीं वृषभ, सिंह, वृश्चिक और मेष राशि के जातकों की परेशानियां बढ़ाएगा।

क्या होता है उपछाया ग्रहण? ग्रहण की शुरुआत से पहले चंद्रमा धरती की उपच्छाया में प्रवेश करता है इसके बाद धरती की वास्तविक छाया में प्रवेश करता है। जब ऐसा होता है तब वास्तविक चंद्र ग्रहण लगता है। लेकिन उपच्छाया चंद्र ग्रहण के समय चंद्रमा धरती की वास्तविक छाया में प्रवेश किए बिना ही बाहर आ जाता है। ज्योतिष में उपच्छाया चंद्र ग्रहण को ग्रहण का दर्जा नहीं दिया गया है।


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